(एनएलएन मीडिया – न्यूज़ लाइव नाऊ) : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को कोलकाता और सिलीगुड़ी में दो जनसभाओं में कांग्रेस के साथ ही तृणमूल कांग्रेस पर भी करारे प्रहार किए। उन्होंने कांग्रेस के घोषणापत्र को ढकोसला पत्र करार देते हुए कहा कि अफस्पा (सशस्त्र बल विशेषाधिकार कानून) हटाकर वह सेना को कमजोर करना चाहती है। कांग्रेस और तृणमूल कांग्रेस आतंकियों को मदद करना चाहती है। इस दौरान उन्होंने कहा कि एयर स्ट्राइक बालाकोट में हुई और दर्द कोलकाता में बैठी दीदी को हुआ।उन्होंने पहले सिलीगुड़ी में 35 और बाद में कोलकाता में 40 मिनट के भाषण में देश की सुरक्षा के मुद्दे पर तृणमूल प्रमुख ममता बनर्जी के साथ ही कांग्रेस को घेरा। सिलीगुड़ी में उन्होंने ममता को विकास का स्पीड ब्रेकर करार दिया। उन्होंने कांग्रेस के घोषणापत्र में सेना को पहले से मिले अफस्पा में संशोधन वाले वादे पर सवाल उठाए। कहा कि अफस्पा सैनिकों के लिए सुरक्षा कवच है। इससे वह निर्भय होकर देश की सुरक्षा के लिए कोई भी कदम उठा सकते हैं। लेकिन, कांग्रेस इसे सेना से छीन लेना चाहती है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस ऐसा वादा कर रही है, जो पाकिस्तान में बैठे सरपरस्तों को मदद करेगा। टाडा हो या पोटा, याद करिये ये सब किसने हटाया। हालांकि, मैं कांग्रेस के ढकोसला पत्र और देश की सुरक्षा के बीच एक मजबूत दीवार बनकर खड़ा हूं।पीएम ने बालाकोट में हुए एयर स्ट्राइक का सुबूत मांगने पर ममता पर जमकर हमला बोला। कहा कि बालाकोट में बदला लेकर जब हमारे जवान वापस आए तो रोना किसी को था और रो कोई और रहा था। दर्द इस्लामाबाद और रावलपिंडी में होना चाहिए था, लेकिन दर्द यहां कोलकाता में बैठी ममता दीदी को हो रहा था। अपने घोषणा पत्र में अफस्पा हटाने का वादा कर कांग्रेस केंद्र सरकार और भाजपा के निशाने पर आ गई है। बुधवार को भाजपा नेता और रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने आरोप लगाया कि कांग्रेस देशद्रोहियों और अलगाववादियों का समर्थन कर रही है। वह सुरक्षा बलों को मिली छूट को खत्म कर उन्हें कमजोर करना चाहती है।प्रेस कांफ्रेंस में रक्षा मंत्री ने सवाल किया, ‘देश के सुरक्षा बलों का मनोबल कमजोर करने का प्रयास किया जा रहा है, क्या यह सही है? कांग्रेस हमारी सेना की ताकत को कम कर रही है। अफस्पा हटाने या संशोधन का वादा कर कांग्रेस किसे फायदा पहुंचाना चाहती है?’उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने संशोधन के लिए जो दलीलें दी हैं, उन्हें सुनकर कोई भी कहेगा कि यह तो अच्छी बात है, लेकिन उनका फायदा कश्मीर में उन लोगों को होगा जो देश की सेना को निशाना बनाते हैं। कांग्रेस का वादा सिर्फ सनसनी फैलाने और सशस्त्र बलों का मनोबल तोड़ने के लिए किया गया है।रक्षा मंत्री ने कहा कि कांग्रेस ने अपने घोषणा पत्र में कहा है कि वह जिला कलेक्टर के सोशल मीडिया पर बैन लगाने के अधिकार को भी कम करेगी। इस फैसले से पत्थरबाजों और अफवाह फैलाने वालों को मदद मिलेगी। क्या कांग्रेस यही चाहती है।रक्षा मंत्री ने कहा कि अफस्पा हटाने की एक प्रक्रिया है। केंद्र व राज्य सरकार इस पर मिलकर विचार करते हैं। कांग्रेस का यह वादा घातक है। उन्होंने कहा, हमने नगालैंड और मेघालय से अफस्पा हटाया। असम के कई हिस्सों से अफस्पा हटाया। ऐसा स्थिति को समझने और राज्य सरकार से सहमति के बाद किया गया।