(एनएलएन मीडिया – न्यूज़ लाइव नाऊ) : इस्लामिक इंस्टीट्यूट दारुल उलूम देवबंद ने महिला या पुरुष के नाखून बढ़ाने को इस्लाम के खिलाफ बताया है। इस पर फतवा जारी किया गया है। जिसमें महिलाओं को नेल पॉलिश लगाने की छूट इस शर्त पर दी है कि इसे नमाज पढ़ने से पहले साफ करना होगा। मुजफ्फरनगर जिले के गांव तेवड़ा निवासी मोहम्मद तुफेल ने दारुल उलूम देवबंद के इफ्ता विभाग को पत्र लिखकर पूछा था कि क्या ये दो काम इस्लाम में जायज हैं। पत्र के जवाब में दारुल उलूम देवबंद ने कहा कि औरत के लिए नेल पॉलिश लगाने की छूट है। लेकिन नेल इसमें नापाक चीज नहीं होनी चाहिए। फतवे में स्पष्ट किया गया कि पॉलिश से नाखून पर रंग की पर्त जम जाती है। इससे वजू (नमाज से पहले हाथ-पैर धोना) करते वक्त नाखून पर पानी नहीं लगता। ऐसे में वजू से पहले नेल पॉलिश को नाखून से हटाना होगा। तंजीम-अबना-ए-दारुल उलूम देवबंद के अध्यक्ष मुफ्ती यादे इलाही कासमी ने दारुल इफ्ता के फतवे को पूरी तरह सही बताया है। उनका कहना है कि इस्लाम औरत को सजने-संवरने से नहीं रोकता। लेकिन ऐसी चीजें जिनके इस्तेमाल से किसी फर्ज की अदायगी में परेशानी होती हो तो उससे बचना जरूरी है।