भूतों का होना या ना होना हमेशा से एक सवाल रहा है. यह सच है कि हमने उनके अस्तित्व को हमेशा नकारा है, लेकिन ऐसे भी कई लोग हैं जिन्होंने इस डर का अनुभव किया है. फिल्मों की बात छोड़ दें तो असल जीवन में भी ऐसी कई जगहें हैं जहां भूत-प्रेत के होने को लेकर बात होती रही है. ये देश की 10 ऐसी जगहें हैं, जहां कहानियों के अनुसार भूतों का निवास है. या सीधे तौर पर कहें तो ये ऐसी जगहें हैं जहां जाने से पहले आपके रोंगटे खड़े हो जाएंगे.
अग्रसेन की बावली दिल्ली में कनॉट प्लेस के नजदीक इस बावली का निर्माण 14वीं सदी में महराजा अग्रसेन ने करवाया था. यह बावली अब सूखा है, लेकिन कहा जाता है कि किसी समय एक विशेष काले पानी से भरा था, जो लोगों को सम्मोहित कर आत्महत्या के लिए उकसाता था.
ताज महल होटल, मुंबई यहां के बारे में कहा जाता है कि होटल को डिजाइन करने वाले आर्किटेक्ट ने होटल के अंदर ही जान दे दी थी, क्योंकि होटल उसके डिजाइन के अनुरूप नहीं बना था. लोगों ने कई बार शिकायत की है कि होटल के कॉरिडोर में आज भी उस आर्किटेक्ट की रूह भटकती है.
डी’सूजा चॉल, मुंबई महिम इलाके में स्थित इस चॉल के बीच में एक कुंआ है. कहा जाता है कि एक बार एक औरत कुंए से पानी लेने गई थी, लेकिन हादसे में कुंए में गिरने से उसकी मौत हो गई. तब से लोग इस कुंए के आस-पास जाने से कतराते हैं.
सुरंग-33, शिमला इस सुरंग के बारे में कहा जाता है कि इसमें एक अंग्रेज इंजीनियर की रूह भटकती है. हालांकि इस रूह को फ्रेंडली माना जाता है.
शनिवरवदा फोर्ट, पुणे इस फोर्ट में एक 13 साल के राजकुमार को क्रूरता से मारे जाने की कहानी खूब प्रचलित है. कहा जाता है कि देर रात और खासकर पूर्णिमा की रात को यहां उस छोटे राजकुमार की सिसकियां और आवाज सुनाई देती है.
रामोजी फिल्म सिटी, हैदराबाद इस फिल्म सिटी का निर्माण उस जगह पर हुआ है, जहां इतिहास में कभी क्रूर युद्ध हुआ था. इस युद्धभूमि में कई लाशें गिरी थीं. कई बार इस फिल्मसिटी में अचंभित कर देने वाली अप्रिय घटनाओं की शिकायत की गई है.
जीपी ब्लॉक, मेरठ यूपी के मेरठ में जीपी ब्लॉक स्थित एक घर को कई लड़के-लड़कियों के भूत का निवास स्थल बताया जाता है.
डाउ हिल, पश्चिम बंगाल कुर्शियांग स्थित इस पहाड़ी पर घने जंगलों में जाने से लोग कतराते हैं. इस जंगल में कई लोगों ने आत्महत्या की है. जंगल में आस पास हड्डियां बिखरी पड़ी रहती हैं इस कारण भी लोगों के लिए यह जंगल डराने वाला है.
दिल्ली कैंट इस जगह की जो कहानी सबसे ज्यादा प्रचलित है वह यह है कि यहां से गुजरने वाले राहगीर से उजले कपड़ों वाली एक महिला लिफ्ट मांगती है. यदि आप अपनी गाड़ी नहीं रोकते हैं तो वह औरत गाड़ी के साथ दौड़ने लगती है. लोगों का कहना है कि कई बार दौड़ते हुए वह कार की बोनट पर बैठ जाती है, जिस कारण दुर्घटना हो जाती है.
भानगढ़ फोर्ट, राजस्थान इसका निर्माण 1613 में राजा माधो सिंह के द्वारा किया गया था. निर्माण के बाद ही इसे तबाह कर दिया गया था. कहा जाता है कि इस पर किसी तांत्रिक का श्राप है, जिस कारण यदि कोई यहां शाम के बाद ठहरता है तो उसकी मौत हो जाती है. यहां तक कि भारतीय पुरातत्व विभाग ने भी सूर्यास्त के बाद यहां ठहरने पर रोक लगा दी है.