(एनएलएन मीडिया – न्यूज़ लाइव नाऊ) : खुफिया एजेंसियों की मने तो पाकिस्तान सेना की मुजाहिदीन बटालियन भारत की पश्चिमी सीमा पे घुसपैठ के लिए अपनी नजर बनाये हुए हैं। कश्मीर में नियंत्रण रेखा (एलओसी) पर सेना और आंतरिक सुरक्षा के लिए अतिरिक्त अर्धसैनिक बलों की तैनाती के बाद पाकिस्तान ने रणनीति में बदलाव किया है। वहां पर स्थिति एकदम गंभीर बनी हुई है। ऐसे में पाक का सॉफ्ट टारगेट पंजाब और राजस्थान से सटी पश्चिमी सीमा है। जोधपुर समेत पूरी पश्चिमी सीमा से सटे एयरबेस से लड़ाकू विमानों ने अभ्यास तेज कर दिया है। पाकिस्तान के निशाने पर हमेशा से राजस्थान और पंजाब से सटी सीमा रही है। 2 जनवरी 2016 को पठानकोट एयरबेस को निशाना बनाया गया था। इससे पहले जैश-ए-मोहम्मद ने 2015 में राजस्थान के सूरतगढ़ एयरबेस पर हमले की योजना बनाई थी। इसके लिए 10 आतंकियों को घुसपैठ करवानी थी, लेकिन बीएसएफ के अलर्ट के कारण यह कोशिश नाकाम हो गई। वहीं इस साल फरवरी में बालाकोट एयर स्ट्राइक के बाद पाकिस्तान ने लगातार गंगानगर सेक्टर में हमारी रैकी करने के लिए बुराक मानवटरहित विमान (यूएवी) उड़ाए थे। सीमा के अंदर आने वाले इन यूएवी को सेना ने मार गिराया था, वहीं बाड़मेर क्षेत्र में तो सीमा के पास जोधपुर से उड़े सुखाेई ने यूएवी को हवा में ही नष्ट कर दिया था। इसके चलते राजस्थान व पंजाब दोनों बॉर्डर पर अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है। एयरफोर्स के साथ आर्मी भी हाईअलर्ट पर है। राजस्थान से सटी बॉर्डर पर बीएसएफ ने ऑपरेशन अलर्ट जारी किया है। पिछले कई दिनों से इस ऑपरेशन के तहत बॉर्डर पर अतिरिक्त चौकसी बरती जा रही है। साथ ही ऑपरेशनल तैयारियों को मजबूत किया जा रहा है। पेट्रोलिंग भी बढ़ाई गई है। बैरक या रिजर्व फोर्स को आगे भेजा गया है। बीएसएफ राजस्थान फ्रंटियर के आईजी अमित लोढ़ा ने बताया कि बीएसएफ ने पहले ही ऑपरेशन अलर्ट जारी किया हुआ है। अतिरिक्त चौकसी बरती जा रही है।खुफिया एजेंसियों की ओर से जारी अलर्ट में कहा गया है कि आर्मी, एयरफोर्स के केंद्रीय स्कूलों के साथ धार्मिक स्थलों को निशाना बनाया जा सकता है। जोधपुर में केवी नंबर 1 और आर्मी की केवी स्कूलों पर अतिरिक्त सुरक्षा बरती जा रही है। बात दें कि एयरफोर्स केवी की सुरक्षा के लिए क्यूआरटी भी तैनात हैं ।