(एनएलएन मीडिया – न्यूज़ लाइव नाऊ) : इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट (आइजीआइ) पर आगामी अगस्त महीने से ई-बोर्डिग की सुविधा शुरू होने जा रही है। इसके बाद यात्रियों को अपने बोर्डिग पास पर मैनुअली सुरक्षा स्टांप लगवाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। यात्रियों के मोबाइल पर ही बार कोड वाला बोर्डिग पास मौजूद होगा। एयरपोर्ट पर लगाए गए विशेष स्कैनर यात्रियों के पास स्थित मोबाइल या टैब में मौजूद बोर्डिग पास पर बने बार कोड को पढ़ लेंगे। जिसके बाद उन्हें बोर्डिग एरिया में जाने दिया जाएगा।प्रथम चरण में टर्मिनल-2 से गो एयर के यात्री इस सुविधा का लाभ उठा सकेंगे। बाद में इस सुविधा का विस्तार टर्मिनल-3 व टर्मिनल-1 में भी किया जाएगा। यही नहीं एयरपोर्ट पर बैग टैग वाले सेल्फ सर्विस कियोस्क सहित इंटरनेट चेकिंग के लिए अत्याधुनिक तकनीक भी स्थापित की जाएगी। दिल्ली इंटरनेशनल एयरपोर्ट लिमिटेड के प्रवक्ता ने बताया कि इन सुविधाओं के शुरू होने से लोगों को यात्रा प्रक्रिया में कम समय लगेगा। ई-बोर्डिग की यह सुविधा हैदराबाद एयरपोर्ट पर पहले से ही मौजूद है। जल्द ही मुंबई और बेंगलुरु एयरपोर्ट पर भी इसे शुरू किया जाएगा।पहले तक एयरपोर्ट पर तैनात केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआइएसएफ) के जवान यात्रियों के बोर्डिग पास पर सुरक्षा स्टांप लगाते थे। जिसके बाद उन्हें बोर्डिग एरिया में जाने की अनुमति दी जाती थी। इस प्रक्रिया में कई बार यात्रियों को काफी देर तक इंतजार करना पड़ता था।सीआइएसएफ ने ट्रायल के लिए गत दिनों आइजीआइ एयरपोर्ट पर बोर्डिग पास पर स्टांप नहीं लगाने का निर्णय लिया था। लेकिन, तकनीकी कारणों से बाद से इसे निरस्त कर दिया गया था। सीआइएसएफ अधिकारी ने बताया कि इसके तहत एयरपोर्ट पर बार कोड स्कैनर मशीन लगाई जाएगी। यात्रियों के मोबाइल में स्थित बोर्डिग पास में बार कोड मौजूद होगा। लिहाजा यात्री द्वारा मोबाइल सटाते ही उसे बोर्डिग एरिया में जाने दिया जाएगा।