(एनएलएन मीडिया – न्यूज़ लाइव नाऊ) : शिमला। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने बजट में 22 नई योजनाएं शुरू करने की घोषणा की है। जानिए किस-किस वर्ग के लिए कौन सी योजनाएं चलाई जाएंगी। 1 मुख्यमंत्री नूतन पॉली हाऊस परियोजना शुरू की जाएगी। इसके तहत 5 हजार पॉली हाऊस स्थापित किए जाएंगे तथा किसानों को 50 फीसदी उपदान दिया जाएगा। यह परियोजना 2019- -20 से 2022-23 तक चार वर्षों के लिए चलाई जाएगी। 2 किसानों की खुम्ब उत्पादन में बढ़ती रुचि को देखते हुए 423 करोड़ रुपये की मुख्यमंत्री खुम्ब विकास योजना शुरू की जाएगी। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने बजट में 22 नई योजनाएं शुरू करने की घोषणा की है। जानिए किस-किस वर्ग के लिए कौन सी योजनाएं चलाई जाएंगी। 1 मुख्यमंत्री नूतन पॉली हाऊस परियोजना शुरू की जाएगी। इसके तहत 5 हजार पॉली हाऊस स्थापित किए जाएंगे तथा किसानों को 50 फीसदी उपदान दिया जाएगा। यह परियोजना 2019- -20 से 2022-23 तक चार वर्षों के लिए चलाई जाएगी। 2 किसानों की खुम्ब उत्पादन में बढ़ती रुचि को देखते हुए 423 करोड़ रुपये की मुख्यमंत्री खुम्ब विकास योजना शुरू की जाएगी। 6 सहकारिता आंदोलन को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से 2019-20 में ऊना और चंबा जिलों में एकीकृत सहकारिता विकास परियोजना शुरू की जाएगी। इसके तहत सहकारी संस्थानों की व्यवसायिक गतिविधियों को बढ़ाने के लिए बागवानी, कृषि, डेयरी, सिंचाई, विपणन, प्रसंस्करण और पैकिंग, पर्यटन, साहसिक खेल आदि क्षेत्रों पर बल दिया जाएगा। 7 मुख्यमंत्री स्वजल योजना शुरू की जाएगी। इसके तहत आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लोगों के लिए 50 मीटर तक पाइप सरकार द्वारा 50 प्रतिशत अनुदान पर उपलब्ध करवाई जाएगी। 6 सहकारिता आंदोलन को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से 2019-20 में ऊना और चंबा जिलों में एकीकृत सहकारिता विकास परियोजना शुरू की जाएगी। इसके तहत सहकारी संस्थानों की व्यवसायिक गतिविधियों को बढ़ाने के लिए बागवानी, कृषि, डेयरी, सिंचाई, विपणन, प्रसंस्करण और पैकिंग, पर्यटन, साहसिक खेल आदि क्षेत्रों पर बल दिया जाएगा। 7 मुख्यमंत्री स्वजल योजना शुरू की जाएगी। इसके तहत आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लोगों के लिए 50 मीटर तक पाइप सरकार द्वारा 50 प्रतिशत अनुदान पर उपलब्ध करवाई जाएगी।
10 गरीब परिवारों के लिये एक नई मुख्यमंत्री रोशनी योजना शुरू की जाएगी। इसके तहत इन परिवारों को नए विद्युत कनेक्शन के लिए कोई सर्विस चार्जिज नहीं देने पड़ेंगे। 11 पर्यटन विकास और प्रोत्साहन के लिए नई पर्यटन नीति तैयार की जाएगी। 12 पौंग क्षेत्र विकास बोर्ड का गठन किया जाएगा। यह बोर्ड पौंग क्षेत्र के समुचित एवं सुनियोजित विकास बारे नीति एवं कार्यक्रम निर्धारित करेगा। इससे क्षेत्र का पर्यटन, कला व रोज़गार सृजन की दृष्टि से विकास संभव होगा। 13 धार्मिक पर्यटन को प्रोत्साहन देने के उद्देश्य से मंडी जिले में एक शिव धाम स्थापित किया जाएगा। कुल्लू जिला में लाइट एंड साउंड शो के माध्यम से प्रदेश की देव संस्कृति को प्रदर्शित करने की संभावनाएं भी खोजी जाएंगी। 14 नई सीवी रमन वर्चुअल क्लासरूम योजना शुरू की जाएगी। इसके तहत दूरदराज के 10 कॉलेजों में वर्चुअल क्लासरूम स्थापित किए जाएंगे। 15 अटल निर्मल जल योजना शुरू की जाएगी। इस योजना के तहत प्रदेश में सभी सरकारी विद्यालयों के विद्यार्थियों को साफ पानी उपलब्ध करवाने के लिए वॉटर फिल्टर लगाए जाएंगे। 16 खेल से स्वास्थ्य योजना शुरू करने का प्रस्ताव है। इस योजना के तहत छात्रों को स्कूलों और कॉलेजों में खेल गतिविधियों में हिस्सा लेने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। 50 वरिष्ठ माध्यमिक स्कूलों और 50 कॉलेजों में कबड्डी मैट, रेसलिंग 50 मैट तथा जूडो मैट स्थापित किए जाएंगे। 17 नवधारणा के नाम से दिव्यांगजनों के लिए रोज़गार और उद्यमियता कौशल का पोषण करने हेतु प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रस्तावित है। इसके तहत 2019-20 में 300 दिव्यांगजनों को रिटेल, आतिथ्य, कृषि और खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्रों में प्रशिक्षित किया जाएगा। 18 खेल-कूद प्रतिभा खोज कार्यक्रम शुरू किया जाएगा। अनुभवी खेल प्रशिक्षकों की टीम के माध्यम से ऐसी प्रतिभाओं का चयन किया जाएगा। 19 देश के प्रतिष्ठित फिल्म एवं टेलीविजन संस्थानों, परफार्मिंग आर्टस संस्थानों इत्यादि में अध्ययन के लिए कलाकार प्रोत्साहन योजना शुरू की जाएगी। प्रदेश से इन संस्थानों में अध्ययन के लिए चुने जाने वाले बच्चों को 75 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि एकमुश्त दी जाएगी। 20 संपूर्ण स्वास्थ्य योजना शुरू की जाएगी। इसके तहत प्रथम चरण में 12 स्वास्थ्य संस्थानों जिनमें कुछ जिला अस्पताल भी शामिल हैं को संपूर्ण अस्पतालों में परिवर्तित किया जाएगा। 21 सहारा योजना शुरू करने की योजना। इसके तहत कैंसर, पैरालिसिस, पर्किन्सन, हेमोफीलिया और थैलीसीमिया जैसी बामारियों से ग्रस्त आर्थिक रूप से कमजोर मरीजों को 2 हजार रुपये प्रतिमाह दिए जाएंगे। 22 युवा नव जीवन बोर्ड की स्थापना की जाएगा। यह बोर्ड सीएम की देखरेख में काम करेगा। यह बोर्ड प्रदेश में मादक पदार्थों के प्रयोग की रोकथाम व नशाग्रस्त युवाओं के नशामुक्ति व पुनर्वास के लिए प्रभावी नीतियां बनाएगा तथा इनकी मॉनिटरिंग भी करेगा।