मुझे भगोड़ा घोषित करना ‘आर्थिक मृत्यु दंड’ देने जैसा – भगोड़ा शराब कारोबारी विजय माल्या
माल्या के वकील अमित देसाई ने जस्टिस रंजीत मोरे और भारती डांगरे की बेंच के सामने यह बात रखी।
(एनएलएन मीडिया – न्यूज़ लाइव नाऊ) : शराब व्यापारी विजय माल्या ने बॉम्बे हाईकोर्ट से बुधवार को कहा कि मुझे भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित करना, मुझे आर्थिक तौर पर मृत्यु दंड देने के समान है। माल्या के वकील अमित देसाई ने जस्टिस रंजीत मोरे और भारती डांगरे की बेंच के सामने यह बात रखी। हालांकि बेंच ने किसी तरह की राहत देने से इनकार किया।वकील देसाई ने याचिका के जरिए कोर्ट से अपील की कि देशभर में माल्या की संपत्ति को कुर्क करने के खिलाफ आदेश दे। पिछले साल अगस्त में विशेष अदालत ने माल्या को भगोड़ा आर्थिक अपराधी कानून के अंतर्गत दोषी पाया था।माल्या ने कहा, ‘‘मेरा कर्ज और ब्याज लगातार बढ़ रहा है। इस कर्ज को चुकाने के लिए जो संपत्ति मेरे पास है, सरकार उसका उपयोग करने की अनुमति नहीं दे रही है। मेरी संपत्ति पर मेरा नियंत्रण नहीं है। यह बिल्कुल ऐसा है जैसे मुझे आर्थिक मृत्यु दंड दिया गया है।’’