‘प्रधानमंत्री उज्जवला योजना’ ने हासिल किया एक और मुकाम, सात करोड़ हुए लाभार्थी
पेट्रोलियम मंत्री धर्मेद्र प्रधान ने शुक्रवार को पीएम उज्जवला योजना के तहत सात करोड़वां एलपीजी कनेक्शन भेंट किया।प्रधान ने दिल्ली में आयोजित एक कार्यक्रम में गीता नामक महिला को एलपीजी कनेक्शन भेंट किया जो पीएम उज्जवला योजना का सात करोड़वां कनेक्शन है।
(एनएलएन मीडिया – न्यूज़ लाइव नाऊ) : गरीबों को एलपीजी कनेक्शन मुहैया कराने की मोदी सरकार की महत्वाकांक्षी ‘प्रधानमंत्री उज्जवला योजना’ ने एक और अहम मुकाम हासिल किया है। पेट्रोलियम मंत्री धर्मेद्र प्रधान ने शुक्रवार को पीएम उज्जवला योजना के तहत सात करोड़वां एलपीजी कनेक्शन भेंट किया।प्रधान ने दिल्ली में आयोजित एक कार्यक्रम में गीता नामक महिला को एलपीजी कनेक्शन भेंट किया जो पीएम उज्जवला योजना का सात करोड़वां कनेक्शन है। इस मौके पर प्रधान ने कहा कि सरकार ने सात करोड़ एलपीजी कनेक्शन 34 महीने में दिए हैं।इसका मतलब यह है कि इस योजना के तहत हर दिन 69,000 गरीबों को एलपीजी कनेक्शन दिया गया। प्रधान ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के मौके पर सात करोड़वां एलपीजी कनेक्शन दिया गया है। इस तरह यह योजना समय से काफी आगे चल रही है। इसे निर्धारित समय से काफी पहले ही पूरा कर लिया जाएगा।उल्लेखनीय है कि पीएम उज्जवला योजना एक मई 2016 को लांच हुई थी। उस समय इस योजना के तहत मार्च 2019 तक पांच करोड़ गरीब परिवारों को एलपीजी कनेक्शन देने का लक्ष्य था। बाद में इस लक्ष्य को बढ़ाकर 2021 तक आठ करोड़ कर दिया गया। हालांकि अब सरकार ने सभी परिवारों को एलपीजी कनेक्शन देने का लक्ष्य रखा है।सरकार की इस योजना का असर यह है कि मई 2014 में देश में 55 प्रतिशत परिवारों के पास एलपीजी कनेक्शन था जबकि अब यह आंकड़ा बढ़कर 93 प्रतिशत हो गया है। उज्जवला योजना के तहत अब तक जितने कनेक्शन दिये गए हैं, उसमें से लगभग 42 प्रतिशत अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के परिवारों को दिए गए हैं।प्रधान ने कहा कि पीएम उज्जवला योजना के तहत सर्वाधिक 1.26 करोड़ कनेक्शन उत्तर प्रदेश, 78 लाख पश्चिम बंगाल और 77.51 लाख बिहार में दिए गए हैं। इसी तरह मध्य प्रदेश में 63.31 लाख और राजस्थान में 55.34 लाख कनेक्शन दिये गए हैं। इसके साथ ही सरकार ने ग्रामीण क्षेत्रों में आपूर्ति सुधारने के लिए 6800 नये वितरक जोड़े हैं।