(एनएलएन मीडिया – न्यूज़ लाइव नाऊ) : नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ में पटाखा गोदाम में आग से 7 की मौत और दर्जन भर लोगों के झुलसने की दर्दनाक घटना ने लोगों का दिल दहला दिया। इसके पीछे कहीं न कहीं प्रशासन और फायर ब्रिगेड की लापरवाही मानी जा रही है। आबादी के बीच इतनी ज्यादा मात्रा में आतिशबाजी का भंडार था और कभी इस आतिशबाजी के भंडार को हटाने की कवायद नहीं की गई। जिससे हादसा इतना बड़ा हो गया। जिस मकान में आग लगी उसमें दो दर्जन से अधिक लोग रहते हैं। जिसमें मकान मालिक के साथ ही कई किराएदार भी शामिल हैं। वर्षों से पटाखे की दुकान मकान में संचालित हो रही थी। शासन कभी भी आबादी के बीच स्थित इस पटाखे के गोदाम की सुध नहीं ली। जबकि शासन के साथ ही न्यायालय का भी सख्त निर्देश है कि ज्वलनशील पदार्थों के गोदाम आबादी से दूर बनाये जाने चाहिए। मुकेरीगंज मुहल्ला निवासी विजय गुप्ता उर्फ खिलाड़ी व सतिराम गुप्ता के मकान में पटाखा गोदाम अवैध रुप से स्थापित था। अगलगी की इस घटना में रविवार को 17 लोग झुलस गए थें। जिसमें छह की रविवार की देर रात तक मौत हो चुकी थी। सोमवार की सुबह एक झुलसे व्यक्ति सतिराम की भी वाराणसी में इलाज के दौरान मौत हो गई। मृतकों की शिनाख्त में काफी परेशानी पुलिस प्रशासन को झेलनी पड़ी। कड़ी मशक्कत के बाद मृतकों की पहचान राममिलन, रामलखन, उपेंद्र यादव, राखी, बेबी, जगपत चौहान के रुप में हुई। पटाखा गोदाम में लगी आग काफी मशक्कत के बाद भी पूरी तरह से नहीं बुझ सकी थी। रात में कई बार फायर ब्रिगेड की टीम पहुंची और आग बुझाने में जुटी रही। सोमवार की सुबह भी मकान से धुंआ उठ रहा था। दो गाड़ी फायरब्रिगेड की पहुंची और इसके बाद मकान में लगी आग पूरी तरह से बुझाई जा सकी। इसके पश्चात मलबा आदि हटा कर अन्य किसी के दबे होने की भी पुलिस टीम ने तलाश की। बगल में स्थित तीन पटाखा दुकानों को सील कराने के साथ ही सभी लाइसेंसी पटाखे की दुकानों के जांच का भी निर्देश जारी किया गया है। जिला प्रशासन ने झुलसे लोगों के इलाज में हर संभव मदद उपलब्ध कराने का निर्देश देने के साथ ही रेडक्रास और लाइफ लाइन की मदद से छह लोगों को 60-60 हजार की धनराशि इलाज के लिए उपलब्ध कराई है। इसके साथ ही पात्र मृतकों को मुख्यमंत्री सर्वहित बीमा योजना के तहत लाभ दिलाने का डीएम ने आश्वासन दिया है। शाम तक सभी मृतकों के शवों का पोस्टमार्टम करा कर अंतिम संस्कार के लिए उनके परिजनों को सौंप दिया गया। खिलाड़ी गुप्ता के मकान की ऊपरी मंजिल में रात 9.30 बजे फिर से आग लग गई। बाहर से आग निकलती देख इसकी जानकारी पुलिस को दी गई। मौके पर फायर ब्रिगेड की गाड़ी बुलाई गई। फायर ब्रिगेड की टीम ने आग बुझाने का कार्य शुरू कर दिया था। मकान की ऊपरी मंजिल पर सिलेंडर आदि होने की आशंका के मद्देनजर आसपास के इलाकों को खाली करा दिया गया था।